सारंगढ़ बिलाईगढ़ :- बिलाईगढ़ विकासखण्ड के अंतर्गत आने वाले विनायक एकेडेमी इंग्लिश हायर सेकेण्डरी स्कुल मधाईभांठा मे आज मातृ पितृ पूजन दिवस के रूप मे एक दिवसीय पेरेंट्स वरशीप सेलिब्रेशन मनाया गया जिसमे छात्र छात्राओं सहित सैकड़ो कि संख्या मे पालक गण उपस्तिथ रहे खास कर कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों को भारतीय सांस्कृतिक एवं संस्कार देने के लिए स्कूल परिसर में मातृ पितृ पूजन दिवस मनाया गया। इस दौरान सबसे पहले पालको को एवं छात्र छात्राओं एवं मुख्य अतिथियों को तिलक लगाकर स्वागत किया गया जिसमें बच्चों द्वारा भारतीय संस्कृति पर आधारित शानदार कार्यक्रम पेश किया।

इस दौरान बच्चों ने पूजा की थाली सजाकर माता पिता को तिलक लगाकर पुष्प मालाएं अर्पित की और उनका मुंह मीठा करवा पूजन किया। माता पिता ने बच्चों को हृदय से लगाकर आशीर्वाद दिया। जिससे कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कविता प्राण लहरे विधायक बिलाईगढ़ व उत्तरी गणपत जांगड़े विधायक सारंगढ़ ताम

विशिष्ट अतिथि नरेश चौहान जिलाध्यक्ष अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति, देवराज दीपक कार्यकारी जिलाध्यक्ष अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति, युवराज निराला,कुसुम लता चौहान, नरसिंह प्रसाद यादव पूर्व प्राचार्य दुलीचंद कालेज एवं डायरेक्टर रूद्र साहू मौजूद रहे सबसे पहले अतिथियों ने सरस्वती गणेश के प्रतिमा पर अगरबत्ती जलाकर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया गया तथा बारी बारी से अतिथियों का पुष्प गुच्छ से स्वागत किया गया स्वागत कड़ी के पश्चात् विद्यालय में पहुंचें अभिभावकों व गणमान्यों का अभिवादन किया

और इस दिन को मातृ पितृ दिवस के रूप में मनाने पर काफ़ी सराहा नरेश चौहान ने बताया कि आज कल के बच्चों में नैतिक संस्कार कम हो गए हैं। बच्चों को अपने माता पिता की सेवा और सम्मान करना चाहिए। उन्होंने माता पिता से भी आग्रह किया कि अपने बच्चों को मोबाइल फोन कम दें। उन्होंने कहा कि बच्चे कभी भी अपने माता पिता का ऋण नहीं उतार सकते। हमें अपने माता पिता की आज्ञा का सदैव पालन करना चाहिए और कभी भी उनका दिल नहीं दुखाना चाहिए।

हमें भी श्रवण व भगवान श्री राम जी की शिक्षाओं का अनुसरण करते हुए माता पिता का सम्मान करना चाहिए। इस मौके पर सभी बच्चों ने प्रण लिया कि हम अपने माता पिता की आज्ञा का पालन करेंगे। कार्यक्रम के आयोजन में शाला प्रबंधन द्वारा सहयोग किया गया। इस मौके पर समीप अनंत, मिथुन यादव समेत अन्य पालक गण उपस्थित रहे

